लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू को गद्दार कहने के बाद से सियासत गरमा गई है. गुरुवार को राज्यसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसको लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा. अब पीएम मोदी के बयान पर खुद रवनीत सिंह बिट्टू ने बयान जारी किया है.
उन्होंने सोशल मीडिया पर नरेंद्र मोदी का आभार जताते हुए एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने कांग्रेस की उस सोच पर सवाल उठाया है, जो बार -बार सिख समुदाय का अपमान करती है. एक सिख मंत्री का अपमान सिर्फ एक व्यक्ति का अपमान नहीं है, बल्कि समुदाय का अपमान करती है. एक सिख मंत्री का अपमान सिर्फ एक व्यक्ति का अपमान नहीं है, बल्कि सिखों के बलिदानों और गरीमा का अपमान है. ऐसी राजनीति बेनकाब हो गई है. कांग्रेस पार्टी कभी भी अपने कार्यकर्ताओं के साथ मजबूती से खड़ी नहीं रही है. जबकि बीजेपी हर कार्यकर्ता के साथ एक दीवार की तरह खड़ी रहती है. यह दोनों पार्टियों के बीच बुनियादी फर्क है.
PM @narendramodi ji calls out the Congress mindset that repeatedly disrespects the Sikh community—insulting a Sikh Minister is not just an insult to an individual, but to the sacrifices and dignity of Sikhs. Such politics stands exposed. The Congress party has never stood firmly… pic.twitter.com/KfdRLu8VZS
— Ravneet Singh Bittu (@RavneetBittu) February 5, 2026
राहुल ने रवनीत सिंह बिट्टू से क्या कहा था?
बुधवार को राहुल गांधी लोकसभा से निलंबित सांसदों के साथ प्रदर्शन कर रहे थे. तभी रवनीत सिंह बिट्टू वहां से गुजरे तो उन्हें देखकर राहुल गांधी ने उनको लेकर मजाकिया लहजे में टिप्पणी की. साथ ही हाथ भी मिलाने के लिए आगे बढ़ाया, लेकिन रवनीत सिंह बिट्टू को राहुल गांधी की बात पसंद नहीं आई. राहुल गांधी ने कहा, ‘नमस्ते मेरे भाई, मेरे गद्दार दोस्त, चिंता मत करो तुम वापस आ जाओगे.
पीएम नरेंद्र मोदी ने क्या कहा?
पीएम मोदी ने राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर बोलते हुए, बुधवार को हुई इस घटना का जिक्र किया. साथ ही का कि कल जो घटना घटी, इसी सदन के सदस्य, कांग्रेस के शातिर दिमाग है, जिनका ऐसे युवराज ने उनको गद्दार कह दिया. अहंकार 7वें आसमान पर पहुंच चुका है इनका और कांग्रेस को छोड़कर कितने ही लोग निकले. कांग्रेस के कितने ही टुकड़े हुए. कई लोग इधर से उधर गए. लेकिन औरों को तो किसी ने भी गद्दार नहीं कहा. लेकिन कल सांसद को उन्होंने गद्दार कहा, क्योंकि वो सिख थे. ये सिखों का अपमान था. ये गुरुओं का अपमान था.