एआई समिट के दौरान यूथ कांग्रेस के शर्टलेस प्रदर्शन को लेकर दिल्ली पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है. दिल्ली पुलिस ने IYC के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु को हिरासत में लिया है. इससे पहले खबर आई थी कि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के मामले में यूथ कांग्रेस के अध्यक्ष को पूछताछ के लिए समन जारी किया. इसकी जानकारी खुद सोशल मीडिया पर यूथ कांग्रेस ने दी.
केसी वेणुगोपाल बोले- सरकार भूल जाती है, प्रदर्शन लोकतंत्र का दिल है
दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया भी आई है. कांग्रेस लोकसभा सांसद केसी वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा है कि एआई समिट में हुए प्रदर्शन के सिलसिले में दिल्ली पुलिस ने यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष और कैडर को हिरासत में लिया है. इसकी कड़ी निंदा करता हूं. यह सरकार भूल जाती है कि प्रदर्शन लोकतंत्र का दिल है. कोई अपराध नहीं है.
उन्होंने आगे कहा कि हमारे यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता ने जो किया है, वह यह था कि उन्होंने बहादुरी से दिखाया कि पीएम कैसे कॉम्प्रोमाइज्ड है. यह बिना किसी हिंसा के शांतिपूर्ण तरीके से किया प्रदर्शन था. यह गिरफ्तारी पूरी तरह से गैरकानूनी है. हम मांग करते हैं कि उन सभी को तुरंत रिहा किया जाए. सभी चार्ज हटाए जाएं.
यूथ कांग्रेस ने लिखा- तानाशाह भी याद रखे जाते हैं
दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर यूथ कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट जारी कर कहा है कि इतिहास गवाह है. तानाशाह याद रखे जाते हैं और वो भी याद रखे जाते हैं, जिन्होंने डर के सामने झुकने से मना कर दिया. दिल्ली पुलिस ने IYC अध्यक्ष उदयभानु को गैरकानूनी तरीके से हिरासत में लिया है. यह बताता है कि एक शांतिपूर्ण प्रदर्शन ने पीएम और बीजेपी की नींद उड़ा दी है. यह लड़ाई हमारी नहीं. जनता की है. सबको मिलकर तय करना होगा कि उन्हें कैसा लोकतंत्र चाहिए.
यूथ कांग्रेस की मीडिया सेल ने जानकारी दी थी कि राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु को पुलिस ने तिलक मार्ग थाने में बुलाया. हालांकि विभाग ने पूछताछ के कारण विस्तार से नहीं बताए. संगठन के कार्यकर्ता और पदाधिकारी इस पर नजर बनाए हुए हैं. पुलिस स्टेशन के बाहर हलचल बढ़ गई है.
पांच लोगों को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी दिल्ली पुलिस
पुलिस ने प्रदर्शन में शामिल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. यह सभी यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता हैं. इसमें कृष्णा हरि (बिहार), कुंदन यादव (बिहार), अजय कुमार (यूपी), नरसिम्हा यादव (तेलंगाना) और जितेंद्र यादव (मध्य प्रदेश, ग्वालियर) को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस ने इस मामले में आपराधिक षडयंत्र, लोकसेवक को चोट पहुंचाने, लोक सेवक के कर्तव्य में बाधा डालना समेत कई गंभीर धाराएं लगाई हैं.