पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव का रिजल्ट आने के बाद से हिंसा जारी है. बुधवार (6 मई) को बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई. इस दौरान गोली लगने से उनके साथ मौजूद घायल हुए एक अन्य व्यक्ति को नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया है. घायल व्यक्ति का इलाज मध्यमग्राम क्रॉसिंग पर स्थित विबासिटी नर्सिंग होम में चल रहा है. इस घटना की तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने सीबीआई जांच की मांग की है.
क्या बोलीं सायोनी घोष?
TMC सांसद सायोनी घोष ने गुरुवार को एक्स पर पोस्ट कर घटना की कड़ी निंदा की. उन्होंने लिखा, “चंद्रनाथ रथ के साथ हुई घटना बेहद चिंताजनक है. राजनीतिक और वैचारिक मतभेदों से परे, सत्ता में कौन है, इससे परे, हम सभी का यह दायित्व है कि हम कानून व्यवस्था बनाए रखें और इस राज्य में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करें.”
उन्होंने आगे कहा कि किसी की भी जान इस तरह नहीं जानी चाहिए. पुलिस प्रशासन से अपील है कि पिछले कुछ दिनों में हुई प्रत्येक हिंसा से जुड़े हर अपराधी के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए और इसे रोकने के लिए सख्त उपाय किए जाएं.
Extremely disturbing incident reported about Mr. Chandranath Rath.
Beyond party lines, beyond political and ideological differences, beyond who is in power, each one of us have the responsibility to maintain law and order and ensure safety of each individual living in this…
— Saayoni Ghosh (@sayani06) May 6, 2026
तृणमूल कांग्रेस ने की हत्या की निंदा
इसके अलावा तृणमूल कांग्रेस की तरफ से भी एक्स पर पोस्ट किया गया और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई. एक्स पर किए पोस्ट में कहा गया कि हम मध्यग्राम में आज रात हुई चंद्रनाथ रथ की निर्मम हत्या की कड़ी निंदा करते हैं.
टीएमसी की तरफ से किए पोस्ट में कहा गया कि पिछले तीन दिनों में बीजेपी समर्थित उपद्रवियों द्वारा कथित तौर पर की गई हिंसा में हुई तीन टीएमसी कार्यकर्ताओं की हत्या की कड़ी निंदा करते हैं, जबकि राज्य में आदर्श आचार संहिता लागू है.
ये भी पढ़ें- सीएम पद की शपथ से पहले बढ़ी TVK चीफ विजय की मुश्किलें, हाई कोर्ट से FIR का आदेश
TMC ने की सीबीआई जांच की मांग
पोस्ट में आगे कहा गया कि हम इस मामले में अधिकतम संभव कार्रवाई की मांग करते हैं, जिसमें अदालत की निगरानी में सीबीआई जांच भी शामिल है, ताकि दोषियों की पहचान की जा सके और उन्हें बिना किसी देरी के न्याय के कटघरे में लाया जा सके. लोकतंत्र में हिंसा और राजनीतिक हत्याओं का कोई स्थान नहीं है और दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए.
ये भी पढ़ें